मनुष्य की इच्छाशक्ति का सफलता पर प्रभाव

मनुष्य की इच्छाशक्ति का सफलता पर प्रभाव



मनुष्य की सफलता हमसे जुडी कई चीजों से होती है, मनुष्य दुनिया का सबसे शक्तिशाली और बुद्दिमान जीव है, मनुष्य को प्रकृति से कई वरदान मिले है | मनुष्य के पास कई तरह की शक्ति है , जिससे वह हर संभव कार्य कर सकता है |कोई भी कार्य करने से पहले जो भी विचार मनुष्य के दिमाग में आता है उसका असर 100% उसके कार्य पर पड़ता है ऐसा हर इंसान के साथ होता है, ऐसा क्यों है और कैसे इस पर हम काबू कर सफलता का मार्ग सरल कर सकते है | उसके बारे में विस्तार से समझेंगे

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प्रस्तावना :-

सफलता की जननी मनुष्य की इच्छाशक्ति को बोला गया है”, कुछ सफल व्यक्तियों के बारे में सोचे (जैसे सचिन तेंदुलकर, धीरू भाई अम्बानी, बिल गेट्स, थामस अल्वा एडिसन, दशरथ मांझी ) तो सभी व्यक्तियों में एक ही बात सामान होती है, एक ही शक्ति है सभी लोगो के पास जिससे वह सफलता की सीढ़ी पर चढ़कर आगे बढ़ते गए है | एक ऐसी शक्ति जो इंसान की हार को जीत में बदल देती है, ऐसी शक्ति जो हम सभी में है परन्तु हमें पता नहीं है या हम उसका उपयोग नहीं करते है |

इच्छाशक्ति क्या है :-

यह 2 शब्दों से मिलकर बना है इच्छा +शक्ति, दोनों का महत्व है अर्थात अगर आपके अंदर कोई इच्छा किसी शक्ति से मिल जाती है तो इच्छाशक्ति का निर्माण होता है इस इच्छाशक्ति में इतनी शक्ति होती है की वह आपके किसी भी नामुमकिन कार्य को मुमकिन कर सकती है | यह आपकी सोच को सच कर सकती है | इच्छाशक्ति की कोई सीमा नहीं होती है आप जितना चाहे उसे बड़ा सकते है जिस व्यक्ति में जितनी ज्यादा इच्छाशक्ति है वह उतनी ज्यादा सफलता प्राप्त कर सकता है |

आप मेरा आर्टिकल भी इसलिए पड़ रहे है क्युकी आपको सफलता चाहिए है और आपमें इच्छा भी है |आपको बस इस इच्छा को शक्ति से मिलाना है, कुछ लोग कार्य शुरू तो बहुत जोश से करते है परन्तु यह जोश जब धीरे-धीरे खत्म हो जाता है तो कार्य अधूरा रह जाता है और सफलता से हम कुछ दुरी पर होते हुए हार मान जाते है, इससे आपके समय और प्रयासों का भी नुकसान होता है | इन लोगो में सिर्फ और सिर्फ इच्छाशक्ति की ही कमी होती है | कुछ लोग हममें से ऐसे भी होते है जो एक बार किसी काम को करने की ठान लेते है तो फिर उसे करके ही छोड़ते है चाहे कुछ भी हो जाए ऐसे लोगो में उस काम के प्रति इच्छाशक्ति चरम सीमा पर होती है |ऐसे हजारो लोग मिल जाएंगे जिनकी सफलता के पीछे सिर्फ और सिर्फ उनकी इच्छाशक्ति ही होती है |

सफलता का राज़ :-

इच्छा के बिना कर्म की उत्पत्ति नहीं हो सकती। और कर्म के बिना सफलता मिलना मुमकिन नहीं जिस व्यक्ति में इच्छा शक्ति की जितनी प्रबलता हैं, वह उतना ही अधिक कार्यक्षम होता है और सफलता उतनी ही जल्दी उसे मिलने की सम्भावना होती है | इच्छा शक्ति के बल पर मनुष्य में बड़े-बड़े आश्चर्यजनक कार्य कर डाले। अनेक सतियों ने चिताआरोहण द्वारा अपने प्राण दे डाले, राजपूतों की वीर महिलाओं ने जौहर द्वारा हँसते-हँसते अपने को बलिदान कर दिया। यह सब इच्छाशक्ति के ही बल पर संभव हुआ। इच्छाशक्ति ही हर मनुष्य की सफलता का राज़ है |

इच्छाशक्ति का सफलता पर प्रभाव :-

मनुष्य जीवन में शक्ति का बहुत बड़ा हाथ रहा है। शक्ति के बिना वह एक पग भी नहीं चल सकता, बस अपने हर कार्य में शक्ति से काम लेना पड़ता है। यदि शक्ति उसका साथ छोड़ दे तो वह किसी काम का नहीं रहता। बलवान व्यक्ति भी शक्ति का उपासक हैं और निर्बल भी। जो व्यक्ति अपने सामर्थ्य की परवाह किये बिना भी केवल उसकी पूर्ति का विश्वास लेकर कार्यारम्भ कर देते हैं, उन्हें साहसी कहा जाता है। परन्तु साहस भी दृढ़ इच्छाशक्ति के बिना उत्पन्न नहीं हो सकता। आप किसी भी मनुष्य में किसी कार्य के पूर्ण हो जाने का विश्वास मात्र जगा दीजिये, बस वह अपने कार्यक्षेत्र में बढ़ता चला जाएगा अनेक व्यक्ति अपने विश्वास पर ही बहुत से कार्यों को पूरा कर लेते हैं। असंभव दिखने वाले कार्यों को वे पूरा करते हैं।

अभावग्रस्त होते हुए भी वे अपने प्रयत्न से एक दिन बड़े-बड़े साधन जुटा लेने में समर्थ होते हैं और अनेकों विघ्न-बाधाओं से लड़ते हुए सफलता के शिखर पर जा पहुँचते है। इच्छा शक्ति की सफलता में भी एक और दैवी शक्ति कार्य करती है, वह हैं संसार की विलक्षण निर्माण शक्ति। श्रेष्ठ कार्यों में उसके सहयोग से मनुष्य को अद्भुत सफलता मिलती है, परन्तु यह शक्ति विध्वंस के कार्यों में सहयोग नहीं देती, उसके लिए संहार शक्ति का सहयोग प्राप्त करना होता है। यदि जीवन में सफलता प्राप्त करनी है तो इच्छा शक्ति को दृढ़ करिये। इसके दृढ़ होने पर कोई कार्य अधूरा नहीं रहेगा। परन्तु, कार्य में विघ्न आना भी स्वाभाविक है, उनसे घबराना नहीं चाहिए। मनुष्य जीवन कठिनाइयों से भरा हुआ है और वे कठिनाइयाँ भी प्रयत्नपूर्वक ही दूर हो पाती हैं।

निष्कर्ष:-

जितना हमने समझा है बस हमें उसके बारे में सोचकर सिर्फ अपनी इच्छाशक्ति की ताकत को बढ़ाना है सफलता तो खुद आपके पास आ जाएगी


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